/संतो व भक्तो के संरक्षण के लिए समय समय पर लेते है भगवान मृत्यूलोक में जन्म -आयार्च तिलक राज शर्मा ।

संतो व भक्तो के संरक्षण के लिए समय समय पर लेते है भगवान मृत्यूलोक में जन्म -आयार्च तिलक राज शर्मा ।


खडकयाली में श्रीमद भागवत कथा वाचन के समय श्रोताओ को दिया उपदेश ।
सोलन(अर्की) 23 फरवरी
हिम नयन न्यूज / नयना वर्मा


पंच पिपली के गांव खडकयाली में श्रीमद भागवत कथा वाचन के तीसरे दिन कथावाचक ने कहा कि भगवान समय समय पर अपने भक्तो व संतो के संरक्षण के लिए पृथ्वी पर अवतरण लिया करते है ।

आयार्च तिलक राज शर्मा ने श्री मद् भागवत कथा वाचन के दौरान अपने श्रोताओ को उपदेश देते हुए कहा कि जीव अपने कर्म फलो के मुताबिक जन्म प्राप्त करता है जब भी जीव मां के गर्भ में होता है तो वह प्रभू के साथ जुडा रहता है और कभी भी अधर्म नही करने का प्रण करता है लेकिन मृत्यु लोक में आते ही वह पाप कर्मो की ओर चला जाता है जिस से उसको नर्क का भागी होना पडता है ।

आयार्च तिलक राज शर्मा ने श्रोताओ को संबोधित करते हुए कहा कि मनुष्य जन्म लेने के बाद त्यि पाप कर्म करता जाता है गौ को कष्ट देता है गुरू की निंदा करता है जिस कारण वह भगवान से दूर हो जाता है और पुनः जन्म मरण के बन्धन में बन्ध जाता है ।


इसलिए आप सब भगवान के प्रति अपनी आस्था को जरूर रखें और अगर भगवान की प्राप्ति करनी है तो प्रभु भक्ति और गौ सेवा करनी अति आवश्यक है