/मुख्यमंत्री ने सहारा व हिमकेयर योजनाओं की समीक्षा की

मुख्यमंत्री ने सहारा व हिमकेयर योजनाओं की समीक्षा की

स्वास्थ्य क्षेत्र की व्यवस्थाओं को किया जा रहा सुव्यवस्थित

शिमला, 06 जनवरी ,
हिम नयन न्यूज़/ब्यूरो/ वर्मा

मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने आज यहां मुख्यमंत्री सहारा योजना और हिमकेयर योजना की विस्तृत समीक्षा की।

बैठक में उन्होंने सहारा योजना का लोकल ऑडिट करवाने के निर्देश दिए, ताकि पात्र लाभार्थियों तक योजना का लाभ सुनिश्चित रूप से पहुंच सके।

इसके लिए जिला स्तर पर तीन सदस्यीय समिति के गठन के निर्देश भी दिए गए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वास्थ्य क्षेत्र राज्य सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है और इससे जुड़ी व्यवस्थाओं को सुव्यवस्थित किया जा रहा है।

उन्होंने सहारा योजना के लाभार्थियों को हिम परिवार पोर्टल से जोड़ने के निर्देश दिए तथा हिमकेयर योजना के अंतर्गत विभिन्न मापदंडों और बजट पर आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए।

उन्होंने बताया कि हिमकेयर योजना के तहत पंजीकरण के समय लाभार्थियों का सत्यापन फेस रिकॉग्निशन के माध्यम से किया जाएगा, जिसके लिए स्वास्थ्य विभाग तथा डिजिटल प्रौद्योगिकी एवं गवर्नेंस विभाग को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं।

साथ ही, हिम केयर योजना के डेटा विश्लेषण के माध्यम से प्रदेश में विभिन्न बीमारियों की स्थिति का आकलन कर स्वास्थ्य नीति निर्माण में इसका उपयोग किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने हिम केयर योजना के तहत निजी अस्पतालों की देय राशि के शीघ्र भुगतान के निर्देश दिए। उन्होंने यह भी कहा कि योजना के अंतर्गत सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में प्राइवेट वार्ड में इलाज की अनुमति प्रदान की जाएगी।

स्वस्थ हिमाचल की परिकल्पना को साकार करने के लिए राज्य में नागरिकों को उनके घर के समीप गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने हेतु रोबोटिक सर्जरी, स्टेट कैंसर इंस्टीट्यूट, पेट-स्कैन व स्पैक्ट-स्कैन जैसी आधुनिक मशीनों की स्थापना की गई है।

इसके अतिरिक्त 70 आदर्श स्वास्थ्य संस्थान, रोगी मित्र योजना, वैलनेस सेंटर तथा आईजीएमसी शिमला में ट्रॉमा सेंटर जैसी पहलें स्वास्थ्य क्षेत्र को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं।

बैठक में मुख्यमंत्री के प्रधान सलाहकार (नवीनीकरण, डिजिटल प्रौद्योगिकी एवं गवर्नेंस) गोकुल बुटेल, अतिरिक्त मुख्य सचिव के.के. पंत, सचिव स्वास्थ्य प्रियंका बासु इंग्टी सहित स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।