नई दिल्ली, 9 जनवरी
हिम नयन न्यूज़ ब्यूरो वर्मा।
हिमाचल प्रदेश के लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने आज नई दिल्ली में केंद्रीय ग्रामीण विकास, कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान से भेंट कर प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना-IV (PMGSY-IV) के अंतर्गत राज्य के लिए स्वीकृति एवं लंबित प्रस्तावों से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से चर्चा के लिए अहम बैठक की।
बैठक में लोक निर्माण मंत्री ने बताया कि PMGSY-IV के तहत हिमाचल प्रदेश के लिए लगभग ₹2309 करोड़ की कुल परियोजना लागत का पैकेज प्रस्तावित है। इसके अंतर्गत राज्य सरकार द्वारा 294 सड़क प्रस्ताव भेजे गए हैं, जिनकी कुल लंबाई 1538 किलोमीटर है।

इन परियोजनाओं से 250 से अधिक बस्तियाँ जुड़ेंगी तथा 429 अब तक असंपर्कित बस्तियों को सड़क सुविधा उपलब्ध होगी।

विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि यह पैकेज हिमाचल प्रदेश की पहाड़ी और दुर्गम ग्रामीण आबादी के लिए सामाजिक-आर्थिक परिवर्तन का बड़ा अवसर है।
उन्होंने केंद्र सरकार से अनुरोध किया कि सभी प्रस्तावों को शीघ्र स्वीकृति प्रदान की जाए, ताकि विकास कार्यों को तेजी से शुरू किया जा सके।

बैठक के दौरान उन्होंने PMGSY-I के अंतर्गत डोडरा क्वार क्षेत्र की लरोत–किटरवाड़ी सड़क से जुड़े तीन शेष पैकेजों का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि यह क्षेत्र अत्यंत दुर्गम, उच्च ऊँचाई वाला और कठिन भौगोलिक परिस्थितियों से युक्त है, इसलिए योजना की औपचारिक समाप्ति के बावजूद इन पैकेजों को जनहित में सहानुभूतिपूर्वक शामिल किया जाना चाहिए।
इसके साथ ही, लोक निर्माण मंत्री ने राज्य में चल रहे विभिन्न सड़क निर्माण कार्यों के लिए ₹76 करोड़ की लंबित केंद्रीय राशि शीघ्र जारी करने का आग्रह किया।

केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने हिमाचल प्रदेश के ग्रामीण सड़क नेटवर्क को और मजबूत करने के लिए केंद्र सरकार की ओर से पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। उन्होंने अधिकारियों को लंबित राशि शीघ्र जारी करने के निर्देश दिए और डोडरा क्वार सड़क से जुड़े मामले को सरकार के उपयुक्त स्तर पर उठाने की बात कही।








