/स्वस्थ शरीर के लिए पौष्टिक आहार आवश्यक – यादविंदर गोमा

स्वस्थ शरीर के लिए पौष्टिक आहार आवश्यक – यादविंदर गोमा


नालागढ़ में ‘प्रत्युषा परियोजना’ के तहत आई.ई.सी. का शुभारम्भ

नालागढ़ 12 जनवरी,
हिम नयन न्यूज़/ब्यूरो/रजनीश ठाकुर

आयुष, युवा सेवाएं एवं खेल तथा विधि मंत्री यादविंदर गोमा ने कहा कि आज की व्यस्त जीवनशैली में स्वस्थ शरीर के लिए सभी आयुवर्ग के लोगों को पौष्टिक आहार का सेवन करना नितांत आवश्यक है।

वे सोलन ज़िला के नालागढ़ स्थित राजकीय महाविद्यालय में राष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर ‘प्रत्युषा परियोजना’ (आयुर्वेदिक खाद्य पदार्थों, पारम्परिक अनाज तथा आयुष आहार को प्रोत्साहन) के अंतर्गत सूचना, शिक्षा एवं सम्प्रेषण (आई.ई.सी.) सामग्री के विधिवत शुभारम्भ के बाद जनसमूह को संबोधित कर रहे थे।

मंत्री ने कहा कि आयुर्वेद स्वस्थ रहने के लिए ऋतु अनुसार खान-पान अपनाने पर बल देता है। रागी, ज्वार, बाजरा और जौ जैसे पारम्परिक अनाज प्राचीन काल से भारतीय भोजन का हिस्सा रहे हैं और ये सभी अत्यंत पौष्टिक हैं। इनके नियमित सेवन से शरीर को दीर्घकालीन स्वास्थ्य लाभ मिलते हैं।

उन्होंने बताया कि आयुष विभाग एवं प्रत्युषा परियोजना का उद्देश्य जनसमुदाय में कुपोषण की दर को कम करना, परम्परागत पौष्टिक व्यंजनों को प्रोत्साहित करना तथा लोगों के शारीरिक और बौद्धिक विकास को बढ़ावा देना है। राष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर आई.आर.जी. द्वारा नेस्ले आर.एंड.डी. के सहयोग से प्रारम्भ की गई यह पहल प्रदेशवासियों—विशेषकर स्थानीय समुदाय—को पारम्परिक अनाज, आयुर्वेदिक भोजन और आयुष आहार के महत्व से अवगत कराएगी।

ग्रामीण अर्थव्यवस्था के सुदृढ़ीकरण पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने ग्राम-केंद्रित योजनाएं आरम्भ की हैं। प्राकृतिक खेती से उगाई गई मक्की, गेहूं और हल्दी के न्यूनतम समर्थन मूल्य में वृद्धि की गई है। साथ ही गाय के दूध पर 51 रुपये और भैंस के दूध पर 61 रुपये प्रति लीटर एमएसपी प्रदान की जा रही है, जिससे हिमाचल प्रदेश देश का पहला राज्य बना है।

इससे पूर्व मंत्री ने नालागढ़ में आयुष अस्पताल का निरीक्षण कर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश भी जारी किए।

कार्यक्रम में नालागढ़ के विधायक हरदीप बाबा ने आधुनिक जीवनशैली की चुनौतियों से निपटने के लिए आयुर्वेदिक प्रथाओं और पारम्परिक खान-पान को दैनिक जीवन में अपनाने की आवश्यकता पर जोर दिया।

जिला आयुर्वेद अधिकारी डॉ. निशा वर्मा ने ‘स्मार्ट थाली—सेहत वाली’ के माध्यम से संतुलित आहार का महत्व बताया, जबकि खंड आयुष अधिकारी डॉ. नीरज जुल्का ने आयुष आहार पर विस्तार से जानकारी दी।

आई.आर.जी. के निदेशक पवन वर्मा ने मुख्य अतिथि का स्वागत करते हुए प्रत्युषा परियोजना की जानकारी साझा की और आंगनवाड़ी व आशा कार्यकर्ताओं से व्यापक प्रचार-प्रसार का आह्वान किया।

कार्यक्रम में महाविद्यालय के विद्यार्थियों द्वारा सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी गईं, जिन्हें मुख्य अतिथि द्वारा पुरस्कृत किया गया।

इस अवसर पर उपमंडलाधिकारी नालागढ़ नरेंद्र अहलूवालिया, पुलिस उप अधीक्षक बद्दी योगराज चंदेल, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, आशा वर्कर तथा महाविद्यालय के छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।