/जीसीई-20 में 3-दिवसीय राष्ट्रीय CRE कार्यशाला का उद्घाटन।

जीसीई-20 में 3-दिवसीय राष्ट्रीय CRE कार्यशाला का उद्घाटन।

चंडीगढ़ 20 जनवरी,
हिम नयन न्यूज़/ब्यूरो/वर्मा

शासकीय शिक्षा महाविद्यालय, सेक्टर 20-डी, चंडीगढ़ में “बाल एवं किशोर मनोविकृति के निदान एवं प्रबंधन हेतु नैदानिक दृष्टिकोण” विषय पर 20 से 22 जनवरी 2026 तक आयोजित 3-दिवसीय राष्ट्रीय सतत पुनर्वास शिक्षा (CRE) कार्यशाला का आज उद्घाटन किया गया।

यह कार्यशाला चंडीगढ़ प्रशासन के संरक्षण में, हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय, शिमला के मनोविज्ञान विभाग तथा इंडियन एसोसिएशन ऑफ हेल्थ, रिसर्च एंड वेलफेयर (IAHRW) के सहयोग से आयोजित की जा रही है।


उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथि श्री बालमुरुगन, आईएएस का स्वागत प्राचार्या डॉ. सपना नंदा ने किया। उन्होंने बच्चों एवं किशोरों में बढ़ती मानसिक स्वास्थ्य चुनौतियों, उनके शीघ्र निदान और प्रभावी प्रबंधन की आवश्यकता पर प्रकाश डाला। कार्यशाला समन्वयक डॉ. रवनीत चावला ने बताया कि देश के 10 राज्यों से आए 150 से अधिक विशेषज्ञ और विद्यार्थी इसमें भाग ले रहे हैं।


मुख्य अतिथि ने मानसिक स्वास्थ्य पेशेवरों की क्षमता-वृद्धि, अंतर्विषयक सहयोग और प्रारंभिक हस्तक्षेप पर बल दिया। प्रथम दिवस पर डॉ. दीपिका लांबा, डॉ. सतविंदर सिंह सैनी और डॉ. गगनदीप सिंह ने बाल एवं किशोर मनोविकृति के निदान और हस्तक्षेप पर विशेषज्ञ सत्र प्रस्तुत किए।