/मंडी डीसी पर प्रोटोकॉल उल्लंघन का आरोप

मंडी डीसी पर प्रोटोकॉल उल्लंघन का आरोप

मंत्री यादवेंद्र गोमा ने दिया विशेषाधिकार हनन नोटिस


शिमला, 31 जनवरी।


हिमाचल प्रदेश में प्रशासन और राजनीतिक नेतृत्व के बीच टकराव के संकेत लगातार सामने आ रहे हैं।

युवा सेवाएं एवं खेल मंत्री यादवेंद्र गोमा ने मंडी के जिला कलेक्टर अपूर्व देवगन (IAS) के खिलाफ विधानसभा में विशेषाधिकार हनन का नोटिस दिया है। मंत्री ने डीसी पर सरकारी प्रोटोकॉल के उल्लंघन का आरोप लगाया है।
उल्लेखनीय है कि इससे पहले दून के विधायक द्वारा भी एक युवा आईपीएस अधिकारी के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का मामला उठाया गया था।

वहीं, मंडी में कांग्रेस सरकार के तीन वर्षों के अधिवेशन के दौरान उप मुख्यमंत्री द्वारा मंच से अधिकारियों को चेतावनी दिए जाने और लोक निर्माण मंत्री के खिलाफ अधिकारियों के संगठनों द्वारा मुख्यमंत्री से शिकायत किए जाने जैसे घटनाक्रम भी सामने आ चुके हैं। ऐसे में यह नया मामला प्रशासन और राजनीति के बीच बढ़ते तनाव की ओर इशारा करता है।


मिली जानकारी के अनुसार मंत्री यादवेंद्र गोमा 26 जनवरी को मंडी में आयोजित गणतंत्र दिवस समारोह में शामिल होने के लिए 25 जनवरी को मंडी पहुंचे थे। मंत्री का आरोप है कि उनके आगमन के दौरान न तो डीसी मंडी मौके पर मौजूद थे और न ही उनकी अनुपस्थिति को लेकर कोई पूर्व सूचना या आधिकारिक संवाद किया गया। उन्होंने इसे प्रशासनिक नियमों और सरकारी प्रोटोकॉल का गंभीर उल्लंघन बताया है।


मंत्री ने अपने नोटिस में कहा है कि राष्ट्रीय महत्व के कार्यक्रम से पूर्व किसी कैबिनेट मंत्री के जिले में आगमन पर डीसी या उनके अधिकृत प्रतिनिधि की उपस्थिति अनिवार्य होती है। उन्होंने प्रशासनिक लापरवाही, कर्तव्य के प्रति उदासीनता और संवैधानिक पद की गरिमा को ठेस पहुंचाने का आरोप लगाया है।


यादवेंद्र गोमा ने विधानसभा अध्यक्ष से मांग की है कि इस प्रकरण को विधानसभा की कार्यविधि एवं संचालन नियमावली के तहत औपचारिक विशेषाधिकार हनन नोटिस के रूप में स्वीकार किया जाए तथा डीसी मंडी से स्पष्टीकरण तलब कर भविष्य के लिए सख्त दिशा-निर्देश जारी किए जाएं।

फिलहाल मंडी डीसी की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। यदि नोटिस स्वीकार होता है तो मामला विशेषाधिकार समिति को भेजा जा सकता है।