/माँ शूलिनी मेला में 26 से 28 जून तक विशेष यातायात व्यवस्था लागू।

माँ शूलिनी मेला में 26 से 28 जून तक विशेष यातायात व्यवस्था लागू।

सोलन, 25 जून,
हिम नयन न्यूज़/ ब्यूरो/ वर्मा

राष्ट्रीय स्तरीय माँ शूलिनी मेला 2026 के दौरान श्रद्धालुओं एवं आम जनता की सुरक्षा तथा सुचारू यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए सोलन पुलिस ने 26 जून से 28 जून 2026 तक विशेष यातायात प्रबंध लागू किए हैं।


पुलिस अधीक्षक सोलन द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार मॉल रोड पर प्रतिदिन सुबह 8 बजे से रात्रि 12 बजे तक सभी प्रकार के वाहनों की आवाजाही पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगी। केवल आपातकालीन सेवा वाहनों को ही अनुमति दी जाएगी। वहीं पुराने उपायुक्त चौक से जेडएच चौक तक सामान्य वाहनों का प्रवेश बंद रहेगा तथा केवल वीआईपी, आमंत्रित कलाकारों और आपातकालीन वाहनों को ही आने-जाने की अनुमति होगी।


सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए सपरून चौक तथा होटल द क्लिफ के समीप विशेष नाकाबंदी की जाएगी। चम्बाघाट की ओर से आने वाले वाहन निर्धारित स्थान पर यात्रियों को उतारने के बाद बाईपास मार्ग की पार्किंग में भेजे जाएंगे। इसी प्रकार सिरमौर क्षेत्र से आने वाली बसें और वाहन यात्रियों को कोटला नाला बस स्टैंड पर उतारेंगे तथा बाद में शामती बाईपास मार्ग पर पार्क किए जाएंगे।


पुलिस ने शिमला-चंडीगढ़ मार्ग पर चलने वाले वाहनों को भी बाईपास मार्ग से संचालित करने का निर्णय लिया है। राजगढ़ रोड पर देवभूमि अपार्टमेंट के समीप नाकाबंदी कर भारी एवं हल्के वाहनों को शामती न्यू बाईपास की ओर मोड़ा जाएगा। इसके अतिरिक्त जेडएच चौक से शामती मार्ग तक सड़क किनारे किसी भी वाहन को पार्क करने की अनुमति नहीं होगी।


मेले के दौरान ठोडो ग्राउंड में सभी प्रकार के सामान्य वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा। केवल अधिकृत एवं आपातकालीन सेवा वाहनों को ही नियंत्रित परिस्थितियों में प्रवेश दिया जाएगा। साथ ही माल रोड, पुराना बस स्टैंड से अपर बाजार तथा पुराने उपायुक्त कार्यालय से कोटला नाला मार्ग पर हाथ से चलने वाले ठेलों और गतिमान रेहड़ियों के आवागमन पर भी पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।


सोलन पुलिस ने नागरिकों से शांति एवं सौहार्द बनाए रखने, अफवाहों से बचने तथा किसी भी संदिग्ध वस्तु या व्यक्ति की सूचना तुरंत पुलिस कंट्रोल रूम (01792-223836) या निकटतम पुलिस अधिकारी को देने की अपील की है।


पुलिस अधीक्षक सोलन ने कहा कि शूलिनी महोत्सव केवल धार्मिक आयोजन नहीं बल्कि सोलन की सांस्कृतिक विरासत और सामाजिक एकता का प्रतीक है। इसे सुरक्षित, व्यवस्थित और भव्य रूप से संपन्न कराना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।