स्कूलों और पंचायतों में सैकड़ों लोग हुए जागरूक
शिमला, 11 जुलाई,
हिम नयन न्यूज़ /ब्यूरो/वर्मा।
जिला शिमला पुलिस ने नशे के विरुद्ध चलाए जा रहे जनजा जीवी जा गरूकता अभियान के तहत शनिवार को जिले के विभिन्न पुलिस थाना क्षेत्रों में व्यापक कार्यक्रम आयोजित किए। अभियान के दौरान विद्यार्थियों, पंचायत प्रतिनिधियों, महिला मंडलों, युवक मंडलों और स्थानीय नागरिकों को चिट्टा व अन्य मादक पदार्थों के दुष्प्रभाव, कानूनी प्रावधानों तथा नशामुक्त समाज के निर्माण में उनकी भूमिका के बारे में जागरूक किया गया।
पुलिस थाना न्यू शिमला ने राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला खलीणी में 100 से अधिक विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराया। थाना सदर शिमला ने जीएसएसएस लालपानी में 200 से अधिक विद्यार्थियों को जागरूक कर नशे से दूर रहने की शपथ दिलाई।

थाना चिढ़गांव ने तहसील कार्यालय में नशा निवारण समिति के तहत जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया, जिसमें पंचायत प्रतिनिधियों, महिला मंडलों और स्थानीय नागरिकों ने भाग लिया। वहीं जीएसएसएस चिढ़गांव (सुंडा) में विद्यार्थियों को एनडीपीएस अधिनियम, नशे के दुष्प्रभाव और कानूनी परिणामों की जानकारी दी गई।

थाना झाकड़ी ने झाकड़ी, शाहधार रंगोरी और बौण्डा पंचायतों में विशेष बैठकों के माध्यम से सामुदायिक सहयोग और नशे की रोकथाम पर चर्चा की। थाना सुन्नी ने नगर पंचायत सुन्नी और ग्राम पंचायत बसंतपुर में नशा निवारण समितियों की बैठकें आयोजित कर पुलिस और समाज के समन्वय को मजबूत करने पर बल दिया।
इसके अलावा थाना देहा, संजौली, बालूगंज (वेस्ट) और छोटा शिमला (ईस्ट) ने भी स्कूलों एवं सामुदायिक स्थलों पर कार्यक्रम आयोजित कर विद्यार्थियों और नागरिकों को नशे के दुष्प्रभाव, साइबर अपराधों से बचाव, सड़क सुरक्षा और पुलिस हेल्पलाइन संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी दी।

जिला शिमला पुलिस ने कहा कि नशे के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई के साथ-साथ जनजागरूकता और सामुदायिक सहभागिता को भी समान प्राथमिकता दी जा रही है। पुलिस का उद्देश्य युवाओं को नशे से दूर रखते हुए समाज के सहयोग से नशामुक्त एवं सुरक्षित जिला बनाना है।









