संतान की सुख-समृद्धि और रक्षा के लिए श्रद्धालु करेंगे व्रत-पूजन
शिमला 15 सितंबर
हिम नयन न्यूज़/ ब्यूरो /वर्मा ।
भाद्रपद शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि को मनाया जाने वाला मुक्ताभरण संतान सप्तमी व्रत इस वर्ष 18 सितंबर 2026 को मनाया जाएगा। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार यह व्रत संतान की सुख-समृद्धि, दीर्घायु और परिवार की मंगलकामना के लिए किया जाता है।
संतान सप्तमी को मुक्ताभरण सप्तमी के नाम से भी जाना जाता है
शास्त्री तिलक राज शर्मा द्वारा उपलब्ध कराई गई जानकारी के अनुसार पंचांग में सप्तमी तिथि 17 सितंबर को सुबह 10:48 बजे के बाद शुरू होकर 18 सितंबर को दोपहर 1:01 बजे तक रहेगी।
व्रत के दिन मध्याह्न 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक पूजा का समय बताया गया है।
धार्मिक परंपरा के अनुसार इस अवसर पर भगवान शिव-पार्वती सहित संतान सुख एवं संतान की मंगलकामना से जुड़े देवी-देवताओं का पूजन किया जाता है।
श्रद्धालु व्रत रखकर विधि-विधान से पूजा-अर्चना करते हैं और संतान के स्वस्थ, सुखी एवं उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हैं।










