सोलन 31 अगस्त,
हिम नयन न्यूज़/ ब्यूरो /वर्मा
विकास खंड नालागढ़ की 25 पंचायतों के नव निर्वाचित प्रधानों एवं उप-प्रधानों के लिए चार दिवसीय प्रशिक्षण शिविर का आयोजन जिला पंचायत अधिकारी कार्यालय सोलन के सभागार में किया गया।
शिविर की अध्यक्षता उपायुक्त सोलन मनमोहन शर्मा ने की।
मिली जानकारी के मुताबिक उपायुक्त ने नव निर्वाचित पंचायत प्रतिनिधियों को बधाई देते हुए कहा कि प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्देश्य उन्हें उनके अधिकारों एवं कर्तव्यों, पंचायत कार्यप्रणाली तथा विभिन्न विकासात्मक योजनाओं की जानकारी प्रदान करना है, ताकि वे अपने दायित्वों का प्रभावी ढंग से निर्वहन कर सकें।
उन्होंने कहा कि पंचायती राज संस्थाएं ग्रामीण विकास की आधारभूत इकाई हैं। गांवों के विकास, जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी कार्यान्वयन और लोगों की समस्याओं के समाधान में पंचायत प्रतिनिधियों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है।
मनमोहन शर्मा ने पंचायत प्रतिनिधियों से आपसी समन्वय के साथ कार्य करने तथा सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाना सुनिश्चित करने का आह्वान किया।
उन्होंने पंचायत स्तर पर पारदर्शिता, जवाबदेही और जनभागीदारी को मजबूत करने पर भी जोर दिया।
उपायुक्त ने कहा कि लोगों के कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर करवाया जाना चाहिए, ताकि विकास परियोजनाओं का लाभ उन्हें शीघ्र मिल सके। उन्होंने पंचायत प्रतिनिधियों से सामाजिक क्षेत्र में भी सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान करते हुए पंचायतों में लाइब्रेरी, आंगनबाड़ी केंद्र और सामुदायिक केंद्र जैसी सुविधाओं को प्राथमिकता देने की बात कही।
उन्होंने कहा कि पंचायती राज अधिनियम के तहत पंचायतों को प्रदान की गई शक्तियों का प्रभावी उपयोग करते हुए स्थानीय स्तर पर होने वाले छोटे-मोटे विवादों का समाधान पंचायत स्तर पर ही करवाने का प्रयास किया जाना चाहिए।
प्रशिक्षण शिविर के दौरान संबंधित विभागों के अधिकारियों एवं विशेषज्ञों ने हिमाचल प्रदेश पंचायती राज अधिनियम-1994, हिमाचल प्रदेश पंचायती राज नियम-1997, हिमाचल प्रदेश पंचायती राज वित्त नियम-2002, पंचायती राज व्यवस्था, पंचायतों के कार्य एवं दायित्व, विकास योजनाओं के क्रियान्वयन तथा वित्तीय एवं प्रशासनिक प्रक्रियाओं सहित विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर नव निर्वाचित प्रतिनिधियों को जानकारी दी।
इस अवसर पर जिला पंचायत अधिकारी सोलन जोगिन्द्र सिंह राणा, पंचायत निरीक्षक नितेश भाटिया, सेवानिवृत्त पंचायत निरीक्षक जयचंद कौशल तथा रमेश शर्मा ने भी पंचायती राज व्यवस्था से संबंधित विषयों पर जानकारी प्रदान की।










