शिमला (अकी) 27 अप्रैल,
हिम नयन न्यूज/ ब्यूरो /वर्मा
कश्मीर के पहलगांव हादसे के बाद सोलन जिले के बााडी धार में काश्मीर में हुए हमले के बाद सोलन जिले के बाडी धार जैसे शांतिप्रिय व सुरक्षित स्थलो की तलाश में आने लगे पर्यटको की भीड बढने लगी है । मिली जानकारी के मुताबिक काश्मीर के पहलगांव में हुए आतंकी हमले के बाद लोगो ने शांतिप्रिय व सुरक्षित क्षेत्रो को खोजना शुरू कर दिया है जिस में सोलन जिले का बाडीधार क्षेत्र भी एक है ।

बाडीधार में जहां धार्मिक आस्था के लोगो की भीड रहती है वहीं यहां पर सुरक्षा की दृष्टि से शांत माने जाने वाला पर्यटन स्थल उभर कर सामने आ रहा है ।
हिमाचल सरकार का अभी तक इस क्षेत्र को पर्यटन की दृष्टि से विकसित करने के लिए कई धोषणाओ के अलावा धरातल पर कुछ खास नही हो पाया है लेकिन करीब सात हजार फीट की उुंचाई पर स्थित इस जंगल के बीच में स्थित पर्यटक स्थल से जहां एक ओर हिमालय के हिमछादित पर्वतो का नजारा देखने को मिलता है वही दुसरी ओर पंजाब की नहरो व नदियो का विहंगम दृश्य यहां आने वाले लोगो का मन मोह लेता है ।

बाडी धार में पर्यटन निगम की ओर से अभी तक कोई कार्य नही किया गया है लेकिन वर्तमान सरकार में मुख्य मन्त्री सुखविन्दर सिंह सुक्खू के खासमखास माने जाने वाले स्थानीय विधायक संजय अवस्थी के कार्यकाल में इस क्षेत्र को विकसित होने की उम्मीद लगी हुई है ।

यहां से करीब 18 किलोमीटर दूरी पर पर्यटन निगम का बाधल होटल बना हुआ है शिमला मनाली रोड पर स्थित बाघल होटल पर्यटको के लिए जहां सुविधा उपलब्ध करवाता है वहीं बाडी धार में भी निजी होटल अथवा होम स्टे यहां आने वाले पर्यटको को सुख सुविधाए उपलब्ध करवाने का पूरा प्रयास कर रहे है ।
बाडी धार पर्यटन की दृष्टी से बहुत ही मनमोहक स्थान है यहां ठहरने के लिए मन्दिर कमेटी की ओर से धर्मशाला भी बनाई गई है जहां धार्मिक आस्था वाले श्रध्दालु आ कर रात्रि निवास करते है । पर्यटको के लिए यहां प्रक्रतिक सौन्दर्य के अलावा फारेस्ट ट्रैकिंग इत्यादि अन्य आकर्षक पर्यटन आकर्षण भी मौजूद रहते है ।

हाल ही में काश्मीर में आतंकवादियो द्वारा निहत्थे लोगो का नरसंहार पर्यटको को नई जगहो जैसे बाडीधार में लोगो के आकर्षण का स्थान आकर्षित करने लगे है ।
समुद्र तल से करीब सात हजार फीट की हाईट पर स्थित बाडी धार में बढते पर्यटको के आकषर्ण को देख कर सरकार को भी इस ओर ध्यान देने की आवश्यकता से इन्कार नही किया जा सकता है । सरकार के सहयोग से इस शांतिप्रिय सुरक्षित पर्यटक स्थल को विकसित किया जा सकता है और भारत के अन्य राज्यो से आने वाल े पर्यटको को आकिर्षत किया जा सकता है ।








