सोलन (रामशहर), 27 मई,
हिम नयन न्यूज़ /ब्यूरो /वर्मा।
पंचायती राज व्यवस्था के प्रथम चरण के चुनाव रामशहर पंचायत में शांतिपूर्ण और उत्साहपूर्ण माहौल में संपन्न हुए। चुनाव प्रक्रिया को निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद और सतर्क रहा। मतदान के बाद घोषित परिणामों में मतदाताओं ने इस बार युवा नेतृत्व पर विश्वास जताते हुए रविंद्र मोहन उर्फ रवि को पंचायत प्रधान की कमान सौंपी है।
प्रधान पद के लिए मुकाबला बेहद रोचक और त्रिकोणीय रहा। तीन प्रत्याशी चुनाव मैदान में थे, जिनमें दो युवा चेहरे और एक अनुभवी प्रत्याशी शामिल थे। मतगणना में रविंद्र मोहन उर्फ रवि ने शानदार प्रदर्शन करते हुए जीत दर्ज की।
उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी कमल कुमार को 500 मत प्राप्त हुए, जबकि पूर्व प्रधान नारायण दत्त शास्त्री को मात्र 337 मतों से संतोष करना पड़ा। कुल 1844 मत पड़े, जिनमें 15 मत निरस्त हुए तथा 6 मतदाताओं ने नोटा का प्रयोग किया। कम मत मिलने के कारण नारायण दत्त शास्त्री की जमानत भी जब्त हो गई।
उपप्रधान पद के लिए भी पांच उम्मीदवार मैदान में थे और यहां भी मुकाबला काफी दिलचस्प रहा। मतदाताओं ने सुरेंद्र उर्फ निका को 743 मत देकर उपप्रधान चुना। उनके प्रतिद्वंद्वी सौरभ शर्मा उर्फ सेकी को 618 मत प्राप्त हुए। इसके अलावा राजकुमार शर्मा को 232, हेमराज ठाकुर को 213 तथा हेतराम ठाकुर को 21 मत मिले।
कुल 1854 मत पड़े, जिनमें 27 मत निरस्त घोषित किए गए। सुरेंद्र उर्फ निका ने 125 मतों के अंतर से जीत हासिल की। इस चुनाव में तीन अन्य प्रत्याशियों की जमानत भी जब्त हो गई।
वार्ड सदस्य चुनावों में भी कांटे की टक्कर देखने को मिली। वार्ड नंबर-4 से भगत सिंह ने 144 मत प्राप्त कर जीत दर्ज की, जबकि उनके प्रतिद्वंद्वी शमशेर सिंह को 65 मत मिले। इस वार्ड में कुल 214 मत पड़े और 5 मत निरस्त हुए। भगत सिंह को 79 मतों के अंतर से विजयी घोषित किया गया।
वहीं वार्ड नंबर-6 में मुकाबला बेहद करीबी रहा। मनोहर लाल को 122 तथा संतराम को 113 मत प्राप्त हुए। कुल 241 मत पड़े, जिनमें 6 मत निरस्त हुए।
मनोहर लाल ने मात्र 9 मतों के अंतर से जीत हासिल कर वार्ड सदस्य पद अपने नाम किया।
चुनाव परिणाम घोषित होते ही विजयी उम्मीदवारों के समर्थकों में उत्साह का माहौल देखने को मिला। पंचायत क्षेत्र में बधाई देने वालों का तांता लगा रहा और समर्थकों ने जीत का जश्न मनाया। रामशहर की जनता ने इस बार युवा नेतृत्व को प्राथमिकता देते हुए पंचायत के विकास की नई उम्मीदें जताई हैं।





