/रैम्प पहल के तहत परवाणू में उद्योग 4.0 तकनीकों पर जागरूकता कार्यक्रम

रैम्प पहल के तहत परवाणू में उद्योग 4.0 तकनीकों पर जागरूकता कार्यक्रम

परवाणू, 17 जून,
हिम नयन न्यूज़/ ब्यूरो/वर्मा ।

उद्योग विभाग केंद्र परवाणू में आज ‘एमएसएमई प्रदर्शन को बढ़ावा और गति देना (रैम्प)’ पहल के अंतर्गत एक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) को उत्पादकता, दक्षता और प्रतिस्पर्धात्मकता बढ़ाने के लिए उद्योग 4.0 तकनीकों के महत्व से अवगत करवाना था।

कार्यक्रम में सीईएल के विशेषज्ञ इलियाराजा ने बताया कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई), इंटरनेट ऑफ थिंग्स (आईओटी), मशीन लर्निंग, स्मार्ट विनिर्माण, क्लाउड कंप्यूटिंग, उद्यम संसाधन योजना (ईआरपी) तथा ग्राहक संबंध प्रबंधन (सीआरएम) जैसी डिजिटल तकनीकें एमएसएमई क्षेत्र को आधुनिक बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती हैं।

उन्होंने कहा कि इन तकनीकों के माध्यम से उद्योग गुणवत्ता में सुधार, समग्र उपकरण प्रभावशीलता बढ़ाने तथा परिचालन लागत कम करने में सक्षम हो सकते हैं।

इस दौरान उद्यमियों को बताया गया कि ओपन मार्केट एक्सेस प्राप्त करने के लिए वे एमएसएमई टीम इनिशिएटिव के पोर्टल पर पंजीकरण कर सकते हैं। कार्यक्रम में रैम्प पहल के तहत उपलब्ध विभिन्न योजनाओं, टूलकिट और सहायता तंत्रों की जानकारी भी साझा की गई, जिनका उद्देश्य हिमाचल प्रदेश के उद्योगों में डिजिटल परिवर्तन को बढ़ावा देना है।

विशेषज्ञों ने कहा कि एमएसएमई मंत्रालय द्वारा समर्थित रैम्प पहल का मुख्य लक्ष्य एमएसएमई पारिस्थितिकी तंत्र को सशक्त बनाना, तकनीकी उन्नयन को प्रोत्साहित करना तथा उद्योगों को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाने की क्षमता विकसित करना है।

कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों ने स्मार्ट एमएसएमई और विभिन्न सरकारी योजनाओं से संबंधित प्रश्न पूछे। साथ ही क्लस्टर स्तर पर उद्योग 4.0 समाधानों को लागू करने के व्यावहारिक पहलुओं पर विस्तृत चर्चा की गई।

इस जागरूकता कार्यक्रम में परवाणू औद्योगिक क्षेत्र के खाद्य प्रसंस्करण, फर्नीचर, ऑटोमोबाइल, कॉस्मेटिक्स, प्लास्टिक सहित विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े 26 उद्यमियों और उद्योग प्रतिनिधियों ने भाग लिया।