नालागढ 9 अगस्त
हिम नयन न्यूज /ब्यूरो /नयना वर्मा

नालागढ़ उपमंडलाधिकारी दिव्यांशु सिंगल की अध्यक्षता में आज अवैध खनन को रोकने के लिए विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ एक बैठक का आयोजन किया।
इस अवसर पर उपमण्डलाधिकारी ने कहा कि पर्यावरण, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा प्राप्त अधिसूचना के आधार पर इस बैठक का आयोजन किया गया है।उन्होंने कहा कि अवैध खनन के कारण पर्यावरण को हुए नुकसान की भरपाई के लिए अवैध खननकर्ता से मुआवजा वसूलने का प्रावधान अधिसूचना में दिया गया है।
उपमण्डलाधिकारी ने बैठक में उपस्थित विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ प्राप्त अधिसूचना के बारे विचार विमर्श किया कि किस प्रकार अवैध खनन को नियंत्रित तथा निवारण हेतु बनाई गई योजनाओं का कार्यान्वयन किया जा सके तथा आगामी बैठक हेतु इस संबंध में विभिन्न विभागों के अधिकारियों से सुझाव मांगे।
उन्होंने जानकारी देते हुए बताया कि अधिसूचना के आधार पर अवैध खनन करते हुए जो भी गाड़ियां जब्त की जाएगी उसे अवैध खननकर्ता को प्रति गाड़ी 2 से 4 लाख रुपए तक चालान करने का प्रावधान है।
उन्होंने कहा कि अवैध खननकर्ता यदि किसी विधान या नियम का उल्लंघन करते हैं तो पर्यावरण और परिस्थिति को किए गए नुकसान की भरपाई के आशय से उपमंडलाधिकारी के अधीन गठित समिति खननकर्ता द्वारा पर्यावरण को किए गए नुकसान की रकम सुनिश्चित करेगी और वसूली भी करवाएगी।
उपमंडलाधिकारी ने बैठक में उपस्थित अधिकारियों को अवगत करवाया कि यदि अवैध खनन करता अवैध खनन के चालान की रकम जमा करवाने में असफल रहता है तो उपमंडलाधिकारी के पास उसकी संपत्ति को ज़ब्त करने का प्रावधान है।
इस अवसर पर उप पुलिस अधीक्षक प्रियंक गुप्ता, तहसीलदार बद्दी राजेश कुमार, खनन निरीक्षक नालागढ़ निशांत शर्मा तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।










